7th Pay Commission: DA में हुई 4 फीसदी की बढ़ोतरी, जानें – किसको कितना मिलेगा फायदा

केंद्रीय कर्मचारियों का महंगाई भत्ता (Dearness Allowance) का बेसब्री से इंतजार था वह इंतजार अब खत्म हो चुका है| सातवां वेतन आयोग के आधार पर जितने भी वेतन पाने वाले कर्मचारियों अधिकारियों तथा पेंशन भोगियों को नवरात्रि के पर्व खत्म होने से पहले महंगाई भत्ते और महंगाई राहत में 4% बढ़ोतरी का तोहफा 28 सितंबर कैबिनेट बैठक में मिल चुकी है| देश में जितने भी केंद्रीय वेतन भोगी है उनकी तनख्वाह में DA के तौर पर 4 फ़ीसदी ज्यादा रकम मिलेगी.

आपको बता दूं कि महंगाई भत्ता 1 जुलाई 2022 से ही लागू हो चुका था जोकि सितंबर महीने के मिलने वाले सैलरी के साथ-साथ 2 महीने का महंगाई भत्ता और Arrear का भी फायदा मिलेगा| मोदी सरकार ने लगभग एक करोड़ से ज्यादा केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को त्योहारों पर सौगात दी है|महंगाई भत्ता (DA) जोकि पहले 34 फ़ीसदी था जिसमें 4 फ़ीसदी बढ़ाने के साथ 38 फ़ीसदी महंगाई भत्ता कर दिया गया है| यह बढ़ोतरी सातवें वेतन आयोग की सिफारिश के तहत स्वीकृत फार्मूले पर आधारित है| इस आर्टिकल के माध्यम से आपको अवगत कराया जाएगा की DA में हुई चार फ़ीसदी,में किसको किसको कितना फायदा मिलेगा तथा इससे जुड़ी सारी जानकारी आपको बताया जाएगा|

केंद्रीय कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले 

आपको बता दें कि केंद्रीय कर्मचारियों एवं पेंशनभोगियों को 34% के हिसाब से महंगाई भत्ता दिया जाता था लेकिन देशभर में महंगाई को देखते हुए केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ता को 4 फ़ीसदी बढ़ाकर 38 फ़ीसदी कर दिया है| सभी केंद्रीय कर्मचारियों, अधिकारियों और पेंशन भोगियों के चेहरे पर मुस्कान देखने को मिला है और सभी लोग बहुत खुश हैं|

क्योंकि 1 जुलाई से रुकी हुई महंगाई भत्ता केंद्र कर्मचारियों को अक्टूबर में मिलने वाली वेतन के साथ नई महंगाई भत्ते के आधार पर पेमेंट किया जाएगा| अक्टूबर के महीने में पिछले 3 महीने का सारा एरियर भी दिया जाएगा इससे लोगों को बहुत पैसों का लाभ होगा| सबसे ज्यादा लाभ उन कर्मचारियों का होगा जिनका अधिकतम बेसिक सैलेरी सबसे ज्यादा है क्योंकि बेसिक सैलरी के आधार पर ही महंगाई भत्ता और महंगाई राहत दी जाएगी.

कितना मिलेगा लाभ

अगर किसी केंद्रीय कर्मचारी का न्यूनतम वेतन 18000 रुपये है और वेतन में चार फीसदी की वृद्धि होती है तो 38 प्रतिशत महंगाई भत्ते के आधार पर वेतन में लगभग 720 रुपये की बढ़ोतरी किया जाएगा।अगर किसी केन्द्रीय कर्मचारी का मूल वेतन 25 हजार रुपए है तो उसे 1000 रूपए का फ़ायदा होगा।अगर किसी सरकारी कर्मचारी का बेसिक वेतन 56000 रुपए है तो 38 फ़ीसदी के दर से महंगाई भत्ता बढ़ने पर लगभग ₹21000 के करीब महंगाई भत्ता मिलेगा|

कहने का मतलब है कि हर महीने के हिसाब से 2200 रुपए ज्यादा और यदि साल भर का हिसाब जोड़ ले तो फायदा होगा 21000*12=252000 रुपए का|केंद्रीय सरकार ने कर्मचारियों और पेंशन भोगियों को दुर्गापूजा से पहले महंगाई भत्ता और महंगाई राहत का तोहफा मिल गया है।आप को बता दू कि 48 लाख केंद्रीय कर्मचारियों के खाते में 4 फ़ीसदी डीए दिया जाएगा एवं 64 लाख पेनेरर्स की भी मौज हो गयी है।

28 सितंबर को केंद्रीय केबिनेट का बैठक हुआ था जिसमें डीए के दर बढ़ाने का फैसला पर मुहर लग चुका है।यह महंगाई भत्ता जुलाई से मान रहेगा।अब डीए/डीआर में चार फ़ीसदी इज़ाफा होने के बाद 38 फ़ीसदी हो गया है।केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने डीए में बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है।हालांकि DA में बढ़ोतरी को लेकर केंद्रीय कर्मचारी संगठन सरकार पर दबाव बना के रखा था तथा केंद्रीय कर्मचारियों को अलग-अलग विपक्ष पार्टियों का भी सहयोग मिला।

कैसे तय हुआ कितने बढ़ेगा DA 

ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (AICPI) के पहले छमाही का आंकड़ा जारी किया गया था इसमें इंडेक्स 0.2 पॉइंट की बढ़ोतरी के साथ 129.2 पर पहुंच गया था| आपको अवगत करा दूं कि सरकार कर्मचारियों के महंगाई भत्ते को तय करने के लिए इसी इंडेक्स के आंकड़े का इस्तेमाल करती है इंडेक्स में आई तेजी के कारण दिए में 4 फ़ीसदी बढ़ोतरी हुई है| इसी आंकड़े के हिसाब से एक्सपोर्ट्स दावा करते हैं कि महंगाई भत्ता चार पीस दी बढ़ाया जाएगा इसका फायदा सीधा सीधा एक करोड़ से ज्यादा केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को दिया जाएगा|

कितना बढ़ जाएगी सैलरी 

सरकार वर्तमान का महंगाई के आंकड़ों को देखते हुए महंगाई भत्ता में 4 फ़ीसदी की बढ़ोतरी का फैसला किया है और जैसे कि इस आर्टिकल के माध्यम से बताया गया की इसका फायदा लगभग 48 लाख कर्मचारियों और लगभग 65 लाख पेंशनर्स को मिलेगा| आपको बता दूं कि सरकारी कर्मचारियों को मिलने वाला डीए उनकी वित्तीय सहायता सैलेरी स्ट्रक्चर का हिस्सा होता है|

कैलकुलेशन के हिसाब से अगर देखेंगे तो सरकार में कर्मचारियों के डिए को 14 फ़ीसदी से बढ़ाकर 38 फ़ीसदी कर दिया गया है| ऐसे में अगर किसी कर्मचारी का बेसिक मूल वेतन ₹18000 है तो 3462 के हिसाब से महंगाई भत्ता 6 हजार के करीब बनता है और अगर चार फ़ीसदी बढ़ता है तो महंगाई भत्ता 38 फ़ीसदी हो जाएगा तो उन्हें महंगाई भत्ता ₹7000 के करीब मिलेगा|

पे मैट्रिक्स से तय होती है सैलरी 

आपको बता दू कि जितने भी सरकारी कर्मचारी अपनी सैलरी लेते हैं वह आसानी से कैलकुलेट कर सकते हैं क्योंकि नया वेतन में पे मैट्रिक्स के आधार पर कर्मचारियों की सैलरी बनती है| पे मैट्रिक्स को फिटमेंट फैक्टर से जोड़ा गया था न्यूनतम बेसिक सैलरी वाले कर्मचारियों को 2.57 गुना फिटमेंट फैक्‍टर के आधार पर वेतन मिलता है कहने का मतलब है कि पे मैट्रिक्स में लेवल वन पर बेसिक 18000 रुपए हर महीने हैं वही लेवल 18 पर 2.5 लाख रुपए प्रतिमा है|

इस व्यवस्था को 1 जनवरी 2016 में लागू किया गया था|सातवें वेतन आयोग लागू होने के बाद से केंद्र कर्मचारियों को स्टेटस ग्रेड पे की जगह पे मैट्रिक्स के आधार पर सैलरी बनाया जाता है अब नए कर्मचारियों को आसानी से अपने वेतन का पता लगा सकते हैं|भविष्य में यदि वेतन में बढ़ोतरी होती है तो उस ले सकते हैं तथा कर्मचारियों का वेतन में कितना फायदा होने वाला है यह भी जान सकते हैं| पे मैट्रिक्स की गणना एक टेबल के जरिए होती है जिससे कर्मचारियों की सैलरी की कैलकुलेशन की जाती है पे मैट्रिक्स के ही आधार पर जितने भी सरकारी कर्मचारी हैं उनकी सैलरी बनाई जाती है|

निष्कर्ष:-

आप सभी प्रिय पाठकों ने हमारे इस आर्टिकल को आखिर तक पड़ा उसके लिए हम आप सभी भाइयों का तहे दिल से धन्यवाद करते हैं। हम आशा करते हैं कि हमारे द्वारा प्रदान की गई है सभी जानकारियां आपको बहुत ही ज्यादा पसंद आई होगी। इस आर्टिकल की सहायता से हमने आपसे ही बात है को के साथ सातवें वेतन आयोग से संबंधित नई अपडेट की जानकारी साझा की है। हमारे article के पढ़ने के पश्चात आप हमसे कोई प्रश्न पूछना चाहते हैं अथवा हमें कोई सुझाव देने का मन बना लेते हैं तो यह कार्य आप कमेंट के जरिए आसानी से कर सकते हैं। इसके साथ ही हम आप सभी प्रिय पाठको से सादर अनुरोध करते हैं कि हमारे article को ज्यादा से ज्यादा लोगों का साथ जरूर शेयर करें, धन्यवाद।

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